विश्व संग्रहालय दिवस
विरासत का संग्रह करने वाला संग्रहालय कहलाता।
देखो हर एक नई पुरानी वस्तुओं को है सँभालता।।
1814 में खोला गया संग्रहालय कोलकाता में।
भारत का यह सबसे बड़ा सारे संग्रहालयों में।।
राजा रजवाड़ों का रहन-सहन पता चलता इससे।
नई पीढ़ी भी जान पाती सारी जानकारी जिससे।।
विद्यार्थियों के लिये ये एक शिक्षाप्रद संस्थान है।
इसने सारे विश्व में पाया अत्यंत महत्वपूर्ण स्थान है।।
सैनिक अर्द्ध-सैनिक करते तन मन से इसकी रक्षा हैं।
अपने देश का हर एक संग्रहालय बहुत ही अच्छा है।।
उत्तर प्रदेश का प्रयागराज संग्रहालय है अति पुराना।
चन्द्रशेखर व क्रांतिकारियों की जानकारी का खजाना।।
रचयिता
सुधांशु श्रीवास्तव,
सहायक अध्यापक,
प्राथमिक विद्यालय मणिपुर,
विकास खण्ड-ऐरायां,
जनपद-फ़तेहपुर।
देखो हर एक नई पुरानी वस्तुओं को है सँभालता।।
1814 में खोला गया संग्रहालय कोलकाता में।
भारत का यह सबसे बड़ा सारे संग्रहालयों में।।
राजा रजवाड़ों का रहन-सहन पता चलता इससे।
नई पीढ़ी भी जान पाती सारी जानकारी जिससे।।
विद्यार्थियों के लिये ये एक शिक्षाप्रद संस्थान है।
इसने सारे विश्व में पाया अत्यंत महत्वपूर्ण स्थान है।।
सैनिक अर्द्ध-सैनिक करते तन मन से इसकी रक्षा हैं।
अपने देश का हर एक संग्रहालय बहुत ही अच्छा है।।
उत्तर प्रदेश का प्रयागराज संग्रहालय है अति पुराना।
चन्द्रशेखर व क्रांतिकारियों की जानकारी का खजाना।।
रचयिता
सुधांशु श्रीवास्तव,
सहायक अध्यापक,
प्राथमिक विद्यालय मणिपुर,
विकास खण्ड-ऐरायां,
जनपद-फ़तेहपुर।

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