चल पड़े हैं ये कदम
चल पड़े हैं ये कदम अब न रुकेंगे
कितनी भी मुश्किलें हों हम न रुकेंगे।
चल पड़े --
मेहनत हमारी एक दिन तो रंग लाएगी
हमको भी कामयाबी मिल ही जाएगी
हम किसी के आगे अब न झुकेंगे
चल पड़ें हैं ________
मन में हमारे कोई न भावना गलत हो
न हो बुरा किसी का बस इतनी सी चाहत हो
कोई गलत करम अब हम ना करेंगे
चल पड़े हैं ये कदम अब न रुकेंगे।
चल पड़े हैं ये कदम अब न रुकेंगे।
रचयिता
पीयूष त्रिवेदी,
सहायक अध्यापक,
प्राथमिक विद्यालय भैनामऊ,
विकास खण्ड-सुरसा,
जनपद-हरदोई।
कितनी भी मुश्किलें हों हम न रुकेंगे।
चल पड़े --
मेहनत हमारी एक दिन तो रंग लाएगी
हमको भी कामयाबी मिल ही जाएगी
हम किसी के आगे अब न झुकेंगे
चल पड़ें हैं ________
मन में हमारे कोई न भावना गलत हो
न हो बुरा किसी का बस इतनी सी चाहत हो
कोई गलत करम अब हम ना करेंगे
चल पड़े हैं ये कदम अब न रुकेंगे।
चल पड़े हैं ये कदम अब न रुकेंगे।
रचयिता
पीयूष त्रिवेदी,
सहायक अध्यापक,
प्राथमिक विद्यालय भैनामऊ,
विकास खण्ड-सुरसा,
जनपद-हरदोई।

Wah piyush jee
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