गणित दिवस
संख्याओं की दुनिया है कितनी
गणित सोचने की है शक्ति।
शून्य से चलता अनंत तक
हर सवाल में छुपा तर्क।
रामानुजन ने भरी
सूत्रों की उड़ान।
तर्क और विवेक
बने हमारी पहचान।
जोड़-घटाव से आगे बढ़ती
जीवन की समस्या हल करती।
गणित दे दिशा व बुलंद उड़ान
तर्क की शक्ति है पहचान।
आज संकल्प लें सभी यही
ज्ञान के पथ पर रुकना नहीं।
रचयिता
डॉ0 निशा मौर्या,
सहायक अध्यापक,
प्राथमिक विद्यालय मीरजहांपुर,
विकास खण्ड-कौड़िहार-1,
जनपद-प्रयागराज।

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