अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस विशेषांक,109,मंजू भदौरिया, इटावा

*👩🏻‍🏫अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस विशेषांक*

*मिशन शिक्षण संवाद परिवार की बहनों की संघर्ष और सफ़लता की कहानी*

https://m.facebook.com/story.php?story_fbid=2362741750670075&id=1598220847122173

*👩‍👩‍👧‍👧महिला सशक्तीकरण- 109*
(दिनाँक- 20 जून 2019)

नाम -मंजू भदोरिया
पद- प्रधानाध्यापिका
विद्यालय- प्राथमिक विद्यालय bourain सैफई इटावा
*सफलता एवं संघर्ष की कहानी :-*
👉

https://shikshansamvad.blogspot.com/2019/06/109.html
वर्ष 2007 में मैंने विद्यालय में कार्यभार ग्रहण किया। प्राथमिक शिक्षा किसी भी बालक के लिए सबसे अधिक महत्वपूर्ण है ग्रामीण वर्ग इस बात की अहमियत नहीं समझता लेकिन हम तो इसका महत्व जानते हैं तो क्यों ना पूरी लगन से अपना हंड्रेड परसेंट इन छात्रों को दें मैंने भी इस लक्ष्य को पाने के लिए कुछ प्रयास किए ।विद्यालय को सुंदर लगना बहुत आवश्यक होता है क्योंकि सुंदर विद्यालय ही लोगों को ग्रामीणों को बच्चों को अपनी तरफ खींचता है विद्यालय में अधिक से अधिक वृक्षारोपण किया और अपने हाथों से विद्यालय में चित्र ओके रे आज विद्यालय में चारों तरफ हरियाली दिखती है और विद्यालय में अशोक पाकर रबर प्लांट आम नीबू तथा अनेक तरह की फुलवारी महकती है। मैंने बहुत छोटी-छोटी बातों पर ध्यान केंद्रित किया जैसे कि सुबह की घंटी समय पर लगवा कर प्रार्थना करवाना प्रार्थना के बाद पीटी योगा खेल पर विशेष ध्यान देना बच्चों की नैतिक शिक्षा पर भी विशेष ध्यान दिया जिससे कि उनमें अच्छे संस्कार आए एक समृद्ध पुस्तकालय किसी भी विद्यालय की जरूरत होता है इसलिए एक समृद्ध पुस्तकालय की स्थापना की ,विद्यालय में स्मार्ट क्लास के संचालन के लिए अपना लैपटॉप ले जाकर बच्चों को पढ़ाना प्रारंभ किया । नामांकन व ठहराव के लिए अभिभावकों से निरंतर संपर्क रखा। विद्यालय में स्वतंत्रता दिवस गणतंत्र दिवस व अन्य आयोजन बड़े स्तर पर करने प्रारंभ किए जिससे अभिभावक विद्यालय से जुड़े और छात्रों में भी सांस्कृतिक कार्यक्रमों को लेकर रुचि जागृत हुई। नवाचारों को लेकर अपने शिक्षकों को हमेशा प्रेरित किया तथा समय-समय पर उन्हें पुरस्कृत भी किया जिससे कि वह नई-नई विधियों को लेकर आए
कठपुतली व कहानी का अधिक से अधिक प्रयोग किया और बच्चों को स्कूल में अच्छा लगने लगा इसके परिणाम यह है कि विद्यालय का नामांकन जो मेरे कार्यभार ग्रहण करते समय 72 था आज 135 है । बच्चे संकुल और बीआरसी जिले स्तर पर खेल प्रतियोगिता में सहभागिता करते हैं और पुरस्कृत होते हैं। विद्यालय ब्लॉक व जिले स्तर पर अपनी एक अलग पहचान बना चुका है एयर इंडिया द्वारा जिले के दो विद्यालय बेहतर शैक्षिक परिणामों के लिए चुने गए जिसमें प्राथमिक विद्यालय Bourain भी एक है बाल बन के तहत विद्यालय को चुना गया। मैंने समय-समय पर मतदाता जागरूकता अभियान में सहभागिता की कथा प्रशस्ति पत्र प्राप्त की और छात्रों को भी इस अभियान में एक सजग प्रहरी बनाया।  
B.कहानी सुनाने की प्रतियोगिता में जिले स्तर पर प्रथम तथा राज्य स्तर पर भी स्थान प्राप्त किया।अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस पर डीएम द्वारा प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया योग प्रतियोगिता में भी जिले में चतुर्थ स्थान प्राप्त किया महिला सशक्तिकरण के अंतर्गत अपने गांव की महिलाओं को जागृत किया और उन्हें उनके अधिकार बताएं आज महिलाएं कोई भी समस्या होने पर मेरे पास आती हैं । महिला सशक्तिकरण के ही अंतर्गत डीएम द्वारा आयोजित महिला क्रिकेट प्रतियोगिता में प्रतिभाग किया और मेरी टीम ने प्रथम स्थान प्राप्त किया अभिभावकों व छात्रों का विद्यालय से जुड़ाव देखकर और विद्यालय की प्रगति को देखकर ग्राम पंचायत द्वारा मुझे किया गया। मेरा प्रयास है कि बेसिक शिक्षा को हर छात्र तक सुगम बनाऊं तथा उन्हें गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराने में मुख्य भूमिका निभा सकूँ ।                      

_✏संकलन_
*📝टीम मिशन शिक्षण संवाद।*

Comments

Total Pageviews