लाचित दिवस

अद्वितीय साहस के प्रतीक थे,

न्यायप्रिय दूरदर्शी सेनापति थे।

लाचित बोड़फुकान था नाम,

1671 के युद्ध में नेतृत्व किये थे।।


असम के पूर्ववर्ती अहोम साम्राज्य में,

एक सेनापति के पद पर काम किया।

सराईघाट की लड़ाई से पहचान मिली,

मुगल सेना का असम कब्जा विफल किया ।।


लाचित बोड़फुकन का जन्म 

14 नवम्बर 1622 को असम में हुआ।

सेंग कालुक मो-साई माता थीं उनकी, 

पिता कुन्दी मरान के आँगन में हुआ।।


राजा चक्रध्वज ने गुवाहाटी के शासक,

मुगलों के विरुद्ध उन्हें युद्ध नेतृत्व दिया। 

सराईघाट के युद्ध में लाचित बोड़फुकन ने, 

मुगलों के कब्जे से गुवाहाटी पुनः प्राप्त किया।। 


रचयिता

वन्दना यादव "गज़ल"
सहायक अध्यापक,

अभिनव प्रा० वि० चन्दवक,

विकास खण्ड-डोभी, 
जनपद-जौनपुर।

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