आत्मविश्वास से आगे बढ़
डर को मन से निकलकर
जीत लो आसमां
जो होगा देखा जाएगा
आत्मविश्वास से आगे बढ़
अभी तो है ये सारा जहां तुम्हारा
अफ़सोस में ज़िंदगी न कर बसर
एक कोशिश तो कर
आत्मविश्वास से आगे बढ़
अभी मिल पाने की गुंजाइश है बहुत
फिर क्यूँ नामुमकिन को दे जगह
आत्मशक्ति को महसूस कर
आत्मविश्वास से आगे बढ़
खैरात न लेना कभी
डर के बोझ तले न दबना
कभी
पाँव की बेड़ियों को काटकर
आत्मविश्वास से आगे बढ़
कदम बढ़ाकर पीछे न हटना
सीख मुश्किलों से लड़ना
नयन नीर न जाया कर
आत्मविश्वास से आगे बढ़
खुद पर गर है विश्वास
फिर कैसा संशय क्यूँ उदास
आज खुद को साबित कर
आत्मविश्वास से आगे बढ़
रचनाकार
रुखसाना बानो,
सहायक अध्यापक,
पूर्व माध्यमिक कन्या विद्यालय अहरौरा,
विकास खण्ड-जमालपुर,
जनपद-मीरजापुर।
जीत लो आसमां
जो होगा देखा जाएगा
आत्मविश्वास से आगे बढ़
अभी तो है ये सारा जहां तुम्हारा
अफ़सोस में ज़िंदगी न कर बसर
एक कोशिश तो कर
आत्मविश्वास से आगे बढ़
अभी मिल पाने की गुंजाइश है बहुत
फिर क्यूँ नामुमकिन को दे जगह
आत्मशक्ति को महसूस कर
आत्मविश्वास से आगे बढ़
खैरात न लेना कभी
डर के बोझ तले न दबना
कभी
पाँव की बेड़ियों को काटकर
आत्मविश्वास से आगे बढ़
कदम बढ़ाकर पीछे न हटना
सीख मुश्किलों से लड़ना
नयन नीर न जाया कर
आत्मविश्वास से आगे बढ़
खुद पर गर है विश्वास
फिर कैसा संशय क्यूँ उदास
आज खुद को साबित कर
आत्मविश्वास से आगे बढ़
रचनाकार
रुखसाना बानो,
सहायक अध्यापक,
पूर्व माध्यमिक कन्या विद्यालय अहरौरा,
विकास खण्ड-जमालपुर,
जनपद-मीरजापुर।

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